मुंबई । हाल ही में रिलीज हुई फिल्म 'मिशन मंगल' के बॉक्स ऑफिस पर धमाल करने से ऐक्टर अक्षय कुमार इन दिनों काफी खुश हैं। वहीं, लाइनअप में उनकी 6-7 फिल्में और होने एवं बॉलीवुड के सबसे ज्यादा कमाई करने वाले ऐक्टर बनने के बाद अब अक्षय के पास जश्न मनाने की वाजिब वजहें हैं। लेकिन अक्षय ने एक दुख करते हुए कहा कि आजकल के ऐक्टर्स ऐसी फिल्में साइन करने से कतराते हैं, जिनमें दो या दो से ज्यादा हीरो होते हैं। वे ऐसी फिल्मों को तरजीह देते हैं, जिनमें एक ही हीरो होता है या फिर फिल्म की कहानी ही सोलो हीरो वाली होती है। फिल्म 'मिशन मंगल' के प्रमोशन के दौरान शुक्रवार को अक्षय ने कहा, 'मैं बहुत ही ईमानदारी से और बिना किसी का नाम लिए यह कहना चाहता हूं कि मुझे अभी भी समझ नहीं आया कि हमारी इंडस्ट्री के ऐक्टर्स अभी भी यह बात नहीं समझते कि उन्हें दो या तीन हीरो वाली फिल्में करनी चाहिए। मैंने पता लगाने की कोशिश की कि वे ऐसी फिल्में क्यों नहीं करना चाहते। हर कोई सोलो हीरो वाली फिल्म ही करना चाहता है। मेरी पीढ़ी के स्टार्स ने ऐसी फिल्में कीं। उन्होंने ऐसी फिल्मों में भी काम किया जिनमें तीन-तीन हीरो थे।
बता दें कि अक्षय ने 'मिशन मंगल' में पांच हिरोइनों के साथ काम किया है। इसके अलावा वह पहले भी वह कई मल्टिस्टारर फिल्मों में काम कर चुके है। अक्षय ने आगे कहा, 'आजकल दो हीरो भी मुश्किल से साथ में काम करना चाहते हैं। अगर वे करते भी हैं तो इसके लिए उनसे काफी रिक्ववेस्ट करनी पड़ती है। ऐसा हॉलीवुड में नहीं होता। सिर्फ यहां में होता है, जो दुख की बात है।' बकौल अक्षय, जब तक फिल्म में आपका रोल बढ़िया है इस बात से फर्क नहीं पड़ता कि फिल्म में कितने हीरो हैं और कितने नहीं। और फिर आप अच्छी तरह जानते हैं कि आप एक बेहतरीन फिल्म का हिस्सा हैं। मुझे नहीं पता कि बाकी ऐक्टर्स क्यों मल्टिस्टारर फिल्मों में काम नहीं करते। उनके मन में किसी बात की इनसिक्यॉरिटी होती है या फिर कुछ और, यह मुझे आज तक समझ नहीं आया। वहीं, फिल्मों में ऐक्ट्रेसेस को मुख्य कमान देने के सवाल पर अक्षय ने कहा कि वह अपनी कई फिल्मों में ऐसा कर चुके हैं। बल्कि 'खाकी' में तो उन्हें उनकी ही हिरोइन ने मार दिया था।